Tumhari Khamoshi Ras Nahi Aati

tumhari khamoshi- khamoshi quotes

बहती रही नदियाँ,बहते रहे झरने,

बहती हुई नीर-धारा, समुद्र में मिल जाती है |

सर्दी आई गर्मी आएगी,

बरसात की बौछार सबको भाती है |

ऐसे ना रहो तुम बिलकुल ही चुप,

तुम्हारी ख़ामोशी रास नहीं आती है |

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